स्वास्थ्य समसामियिकी 1 (22-Feb-2021)
एपिलेप्सी
(Epilepsy)

Posted on February 22nd, 2021 | Create PDF File

hlhiuj

हाल ही में एक प्रमुख दवा निर्माता ने ‘सक्रिय दवा सामग्री’ (Active Pharmaceutical Ingredient- API) तैयार करके एपिलेप्सी (Epilepsy) के लिये एक दवा ‘ब्रिवानेक्स्ट’ (Brivanext) की खुराक तैयार की है।


एपिलेप्सी (मिर्गी) एक केंद्रीय तंत्रिका तंत्र (Neurological) संबंधी विकार है, इसमें मस्तिष्क की गतिविधि असामान्य हो जाती है, जिससे दौरे या असामान्य व्यवहार, संवेदनाएँ और कभी-कभी अभिज्ञता संबंधी हानि होती है।एपिलेप्सी चौथा सबसे सामान्य न्यूरोलॉजिकल विकार है जो सभी उम्र के लोगों को प्रभावित करता है।हालाँकि कोई भी एपिलेप्सी से ग्रसित हो सकता है परंतु यह छोटे बच्चों और वयस्कों तथा महिलाओं की तुलना में पुरुषों में थोड़ा अधिक देखा जाता है।

 

लक्षण:


स्वाद, गंध, दृष्टि, श्रवण या स्पर्श में परिवर्तन आना, चक्कर आना, अंगों में सिहरन उत्पन्न होना, एकटक घूरना, एक ही कार्य को बार-बार करना।इसमें जागरूकता या चेतना की हानि शामिल हो भी सकती है या नहीं भी।



एपिलेप्सी का कोई उपचार नहीं है, लेकिन इस विकार को दवाओं और अन्य रणनीतियों के साथ प्रबंधित किया जा सकता है।जागरूकता बढ़ाने हेतु पहल: वर्ष 2019 में विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा एक रिपोर्ट ‘एपिलेप्सी अ पब्लिक हेल्थ इंप्रेटिव’ जारी की गई।यह एपिलेप्सी पर उपलब्ध सबूतों और वैश्विक, क्षेत्रीय और राष्ट्रीय स्तर पर आवश्यक सार्वजनिक स्वास्थ्य प्रतिक्रियाओं का संक्षेपण करते हुए प्रस्तुत की गई एपिलेप्सी पर पहली वैश्विक रिपोर्ट है।


सक्रिय दवा सामग्री (APIs):


APIs, जिसे बल्क ड्रग्स भी कहा जाता है, दवाओं के निर्माण में प्रयुक्त होने वाले महत्त्वपूर्ण तत्त्व हैं। चीन का हुबेई प्रांत APIs विनिर्माण उद्योग का केंद्र है।
भारत APIs के अत्यधिक आयात के लिये चीन पर निर्भर है। भारत का APIs आयात प्रतिवर्ष लगभग 3.5 बिलियन डॉलर है और यह कुल आयात के लगभग 70% (2.5 बिलियन डॉलर) के लिये चीन पर निर्भर है।